आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संघ का दो दिवसीय धरना प्रदर्शन, शासकीय कर्मचारी घोषित करने की मांग

बलौदाबाजार – दिनांक 26 फरवरी 2026 को छत्तीसगढ़ आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संघ के बैनर तले जिला बलौदाबाजार-भाटापारा में दो दिवसीय धरना-प्रदर्शन किया गया। इस दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार किया।
संघ ने सरकार से न्यूनतम वेतन बढ़ाने तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिकाओं को शासकीय कर्मचारी का दर्जा देने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान मुख्य मांगें निम्नानुसार रखी गईं—
प्रमुख मांगें:
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं को शासकीय कर्मचारी घोषित किया जाए।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को प्रतिमाह ₹26,000 एवं सहायिका को ₹22,100 वेतन स्वीकृत किया जाए।
सामाजिक सुरक्षा के तहत सेवानिवृत्ति लाभ, आकस्मिक मृत्यु पर एकमुश्त ग्रेच्युटी/मासिक पेंशन तथा समूह बीमा योजना का लाभ प्रदान किया जाए।
संघ पदाधिकारियों ने कहा कि लंबे समय से मानदेय आधारित व्यवस्था में कार्यरत आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिकाएं शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं का जमीनी स्तर पर क्रियान्वयन कर रही हैं, बावजूद इसके उन्हें अपेक्षित वेतन एवं सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं प्राप्त नहीं हो रही हैं।
धरना-प्रदर्शन का संचालन संघ की जिला अध्यक्ष जानकी शर्मा, सचिव भुनेश्वरी वर्मा, संरक्षक रामखिलावान शर्मा, प्रांताध्यक्ष सरिता पाठक एवं संयोजक देवेंद्र पटेल के नेतृत्व में किया गया।
संघ ने चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।




